Friday , 21 August 2026

यात्रा के दौरान ट्रेन टिकट गुम हो जाए तो क्या करें? रेलवे की गाइडलाइन और यात्री के अधिकार

सुप्रीम कोर्ट का फैसला- रेलवे नहीं बना सकता तकनीकी बहाना

नई दिल्‍ली । अगर सफर के दौरान ट्रेन में आपका टिकट खो जाता है और आप किसी हादसे का शिकार हो जाते हैं तो भी रेलवे आपको मुआवजा देने से इनकार नहीं कर सकता है। सुप्रीम कोर्ट ने भारतीय रेलवे को ऐसे मामलों में मुआवजा देने से इनकार करने के लिए तकनीकी बहानों का सहारा लेने से मना किया है। जस्टिस अरविंद कुमार और एनवी अंजारिया की पीठ ने फैसला सुनाया कि अगर यात्रा की तारीख और रूट के लिए वैध टिकट का सबूत है, तो यह यात्रा की प्रामाणिकता साबित करने के लिए पर्याप्त होगा।

कोर्ट ने कहा कि मुआवजे का आर्थिक बोझ भारतीय रेलवे को सहना पड़ेगा, अगर यात्रा का स्पष्ट सबूत मौजूद हो। टिकट का फिजिकल सबूत न मिलना या पुलिस का जब्ती मेमो न होना, दावे को खारिज करने का आधार नहीं हो सकता, जब अन्य परिस्थितियां यात्री सफर करने की पुष्टि करती हों। जस्टिस कुमार ने फैसले में कहा कि रेलवे अधिनियम के तहत मुआवजा देने का अधिकार वास्तविक और सुलभ होना चाहिए।

यह धारा रेल हादसों या अप्रिय घटनाओं में मृत्यु या चोट के लिए रेलवे को सख्ती से जिम्मेदार ठहराती है। कोर्ट ने सभी भविष्य के ट्रिब्यूनल और हाई कोर्ट को निर्देश दिया कि वे इस फैसले को आधार बनाकर लागू करें, ताकि पीड़ितों को राहत मिल सके।

यह फैसला मध्य प्रदेश के संजेश कुमार याज्ञनिक की पत्नी और नाबालिग बेटे की अपील पर आया, जिनकी 19 मई 2017 को रणथंभौर एक्सप्रेस से इंदौर-उज्जैन के बीच गिरने से मौत हो गई थी। परिवार ने 12 लाख रुपए मुआवजे के लिए दावा किया था, लेकिन भोपाल रेलवे ने दावा ट्रिब्यूनल और मध्य प्रदेश हाई कोर्ट ने दावा खारिज कर दिया था, क्योंकि मृतक के पास टिकट नहीं मिला था।

परिवार का कहना था कि याज्ञनिक ने इंदौर जंक्शन से उज्जैन के लिए द्वितीय श्रेणी का टिकट खरीदा था और भीड़भाड़ वाली ट्रेन से धक्का लगने से गिर गया। पोस्टमार्टम में सिर की चोट से मौत की पुष्टि हुई थी। सुप्रीम कोर्ट ने कहा कि कल्याणकारी कानून के तहत तकनीकी खामियों को आधार बनाकर दावे को खारिज करना गलत है। रेलवे को हादसे के पीड़ितों को राहत देने के उद्देश्य को प्राथमिकता देनी चाहिए। यह फैसला रेल यात्रियों के लिए अहम है, जो भविष्‍य में रेलवे की जवाबदेही को मजबूत करता है।

Check Also

BPSC TRE-4 Notification Released: बिहार में 32,388 शिक्षक पदों पर भर्ती का विज्ञापन जारी, 11वीं-12वीं में बंपर वैकेंसी; देखें कक्षावार पदों की डिटेल

बिहार में शिक्षक बनने का सपना देख रहे लाखों अभ्यर्थियों के लिए बहुप्रतीक्षित खुशखबरी सामने …