Friday , 1 May 2026

दहशत में दुकानदार! बिरयानी-तरबूज कांड के बाद मुंबई के बाजारों से गायब हुआ लाल फल, क्या है मौत का रहस्य?

मुंबई। दक्षिण मुंबई के पाइधोनी इलाके से एक ऐसी सनसनीखेज खबर सामने आ रही है, जिसने न सिर्फ स्थानीय लोगों को बल्कि प्रशासन को भी हैरत में डाल दिया है। एक ही परिवार के चार सदस्यों की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत के बाद इलाके के बाजारों से अचानक तरबूज पूरी तरह गायब हो गए हैं। आलम यह है कि खाद्य एवं औषधि प्रशासन (FDA) की टीम तीन दिनों तक छापेमारी करती रही, लेकिन उसे पूरे बाजार में एक भी तरबूज या उसे बेचने वाला विक्रेता नजर नहीं आया।

क्या है पूरा मामला? 27 अप्रैल की वो खौफनाक रात

मिली जानकारी के अनुसार, बीती 27 अप्रैल को अब्दुल्लाह डोकड़िया (40), उनकी पत्नी नसीम (35), और दो बेटियों आयशा (16) व जैनब (13) ने रात के खाने में बिरयानी और तरबूज का सेवन किया था। खाना खाने के कुछ ही देर बाद पूरे परिवार को उल्टी और बेहोशी की शिकायत हुई। आनन-फानन में उन्हें अस्पताल ले जाया गया, लेकिन महज कुछ ही घंटों के भीतर चारों ने दम तोड़ दिया। इस सामूहिक मौत ने पूरे इलाके में हड़कंप मचा दिया है।

बाजार से विक्रेताओं का पलायन, जांच में फंसा पेंच

इस घटना के बाद जब रविवार शाम FDA की टीम जांच और सैंपल लेने के लिए पाइधोनी बाजार पहुंची, तो वहां का नजारा देख अधिकारी दंग रह गए। जिस बाजार में तरबूज की भरमार रहती थी, वहां एक भी फल की दुकान पर तरबूज दिखाई नहीं दिया। रविवार से लेकर बुधवार तक टीम ने लगातार छापेमारी की, लेकिन डर के मारे सभी तरबूज विक्रेता अंडरग्राउंड हो गए हैं। अधिकारियों का कहना है कि विक्रेता के न मिलने से यह पता लगाना मुश्किल हो रहा है कि तरबूज कहां से आया था और क्या उसमें किसी जहरीले रसायन का इस्तेमाल हुआ था।

FDA अधिकारी भी हैरान: “ऐसा केस पहले कभी नहीं देखा”

जांच में जुटे एक वरिष्ठ FDA अधिकारी ने बताया, “यह बहुत ही अजीब और पेचीदा मामला है। हमने पुराने रिकॉर्ड्स खंगाले हैं, लेकिन तरबूज या बिरयानी-तरबूज के कॉम्बिनेशन से फूड पॉइजनिंग का ऐसा घातक मामला पहले कभी सामने नहीं आया।” प्रशासन इस बात को लेकर भी चिंतित है कि अगर वह तरबूज जहरीला था, तो क्या उसे किसी और ने भी खरीदा? हालांकि, अब तक इलाके से किसी और के बीमार होने की खबर नहीं मिली है।

फ्रिज से मिले 11 सैंपल, अब लैब रिपोर्ट पर टिकी नजर

मृतक परिवार के घर की तलाशी के दौरान एफडीए ने कुल 11 संदिग्ध सैंपल इकट्ठा किए हैं। इनमें फ्रिज में बचा हुआ तरबूज, बिरयानी, कच्चा चिकन, मसाले, चावल, आधा खाया हुआ खजूर, पीने का पानी और मिट्टी के घड़े का पानी शामिल है। पुलिस और स्वास्थ्य विभाग अब लैब रिपोर्ट का बेसब्री से इंतजार कर रहे हैं ताकि यह साफ हो सके कि मौत की असली वजह कोई जहरीला फल था, केमिकल रिएक्शन या कुछ और।

Check Also

Tamil Nadu Exit Poll 2026: क्या तमिलनाडु में चलेगा विजय थलपति का जादू? एग्जिट पोल के नतीजों ने बढ़ाई धड़कनें, केजरीवाल जैसी जीत या पीके जैसा हाल?

चेन्नई। तमिलनाडु विधानसभा चुनाव 2026 के मतदान संपन्न होने के बाद अब सबकी नजरें एग्जिट …