दुनिया के लिए एक बेहद बड़ी और राहत भरी खबर सामने आई है। अमेरिका और ईरान के बीच पिछले कई महीनों से चला आ रहा भीषण सैन्य और कूटनीतिक संघर्ष आखिरकार आधिकारिक रूप से समाप्त हो गया है। दोनों देशों ने आपसी कड़वाहट को भुलाते हुए एक ऐतिहासिक अंतरिम समझौता ज्ञापन (MoU) पर अंतिम मुहर लगा दी है। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप और ईरानी राष्ट्रपति मसूद पेजेश्कियान द्वारा इस समझौते पर हस्ताक्षर किए जाने के साथ ही दोनों देशों के बीच चल रही जंग का अंत हो गया है, जिसे वैश्विक शांति के लिए इस दशक की सबसे बड़ी कूटनीतिक जीत माना जा रहा है।
फ्रांस के वर्साय पैलेस में ट्रंप ने किए हस्ताक्षर, सामने आया वीडियो
इस ऐतिहासिक शांति समझौते की स्क्रिप्ट फ्रांस की सरजमीं पर लिखी गई। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने फ्रांस के वर्साय पैलेस में फ्रांसीसी राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रों द्वारा आयोजित एक विशेष डिनर के दौरान समझौते की हार्ड कॉपी पर औपचारिक रूप से अपने हस्ताक्षर किए। व्हाइट हाउस ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर एक वीडियो भी जारी किया है, जिसमें राष्ट्रपति ट्रंप डिनर मीटिंग के दौरान मैक्रों की मौजूदगी में इस बेहद महत्वपूर्ण दस्तावेज पर साइन करते हुए नजर आ रहे हैं।
ईरानी राष्ट्रपति ने किए डिजिटल साइन, तत्काल प्रभाव से लागू हुई डील
एक तरफ जहां राष्ट्रपति ट्रंप ने फ्रांस में इसके कागजात पर दस्तखत किए, वहीं दूसरी तरफ ईरान के राष्ट्रपति मसूद पेजेश्कियान ने तेहरान से इलेक्ट्रॉनिक (डिजिटल) तरीके से इस समझौते को अपनी मंजूरी देते हुए साइन किए। ईरानी मीडिया ने भी राष्ट्रपति पेजेश्कियान के हस्ताक्षर करने की तस्वीरें दुनिया के सामने जारी की हैं। भारतीय समयानुसार, गुरुवार सुबह ठीक 5 बजे दोनों शीर्ष नेताओं के हस्ताक्षर होते ही यह ऐतिहासिक समझौता पूरी दुनिया में तत्काल प्रभाव से लागू हो गया है।
पैलेस से निकलते ही ट्रंप ने चिल्लाकर कहा- ‘It’s signed’
हस्ताक्षर करने के बाद राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप का एक और बेहद दिलचस्प वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है। वर्साय पैलेस से बाहर निकलते समय ट्रंप बेहद खुश नजर आ रहे थे और उन्होंने वहां मौजूद अंतरराष्ट्रीय मीडिया के पत्रकारों को देखते ही चिल्लाकर कहा- ‘It’s signed’ (इस पर हस्ताक्षर हो चुके हैं)। व्हाइट हाउस के एक वरिष्ठ अधिकारी के मुताबिक, समझौते को पूरी तरह कानूनी और औपचारिक रूप देने के लिए हस्ताक्षरित प्रति की एक डिजिटल तस्वीर तुरंत ईरान और इस बातचीत में मध्यस्थता कर रहे सहयोगी देशों को भेज दी गई है।
खुल जाएगा रणनीतिक रूप से महत्वपूर्ण होर्मुज जलडमरूमध्य, टला वैश्विक संकट
इस समझौते के जमीन पर उतरने के साथ ही वैश्विक अर्थव्यवस्था को भी बड़ी राहत मिलने वाली है। महीनों से जारी तनाव के कारण बंद पड़े होर्मुज जलडमरूमध्य (Strait of Hormuz) को अब दोबारा जहाजों की आवाजाही के लिए खोल दिया जाएगा, जिससे वैश्विक तेल आपूर्ति और व्यापारिक संकट पूरी तरह टल जाएगा। इससे पहले रविवार को अमेरिकी उपराष्ट्रपति जेडी वेंस और ईरान के मुख्य वार्ताकार मोहम्मद बाकेर गालिबाफ ने भी इस MoU पर शुरुआती इलेक्ट्रॉनिक हस्ताक्षर किए थे। अमेरिकी प्रशासन का मानना है कि यह कदम दोनों देशों के बीच स्थायी शांति की दिशा में एक मील का पत्थर साबित होगा।
जिनेवा में होने वाली बैठक पर टिकी दुनिया की नजरें
इस ऐतिहासिक घटनाक्रम के बीच, दोनों देशों के प्रतिनिधिमंडलों की शुक्रवार को स्विट्जरलैंड के जिनेवा में एक उच्चस्तरीय बैठक पहले से प्रस्तावित है। हालांकि, ईरानी अधिकारियों ने पहले ही स्पष्ट कर दिया था कि जिनेवा बैठक का उद्देश्य समझौते पर हस्ताक्षर करना नहीं था, बल्कि अन्य बारीकियों पर चर्चा करना था। अब चूंकि मुख्य डील पर राष्ट्रपतियों के स्तर पर पहले ही साइन हो चुके हैं, ऐसे में अगले कुछ घंटों में यह साफ हो जाएगा कि शुक्रवार को होने वाली इस बैठक का नया एजेंडा क्या होगा।
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