Monday , 14 September 2026

महंगाई का ‘महाब्लास्ट’: 48 घंटे में दूध, CNG के बाद अब पेट्रोल-डीजल भी हुआ बेहद महंगा, आम जनता का बजट बिगड़ा

नई दिल्ली: पश्चिम एशिया (मिडल ईस्ट) में जारी भारी तनाव और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर उपजे ईंधन संकट के बीच भारतीय उपभोक्ताओं पर महंगाई का चौतरफा हमला हुआ है। पिछले महज 48 घंटों के भीतर देश के आम आदमी को दूध, सीएनजी (CNG) और अब पेट्रोल-डीजल की कीमतों में भारी बढ़ोतरी के रूप में तीन बड़े झटके लगे हैं। इस तगड़े झटके ने देश के मध्यम वर्ग और नौकरीपेशा लोगों की रसोई से लेकर सफर तक, हर चीज का बजट बिगाड़ कर रख दिया है। तेल कंपनियों ने शुक्रवार को पेट्रोल और डीजल की कीमतों में 3 रुपये प्रति लीटर से अधिक का भारी इजाफा कर दिया है, जिसके बाद ईंधन के दाम नई ऊंचाइयों पर पहुंच गए हैं।

ईंधन से लेकर दूध तक; सब कुछ हुआ महंगा

ईंधन के साथ-साथ सीएनजी की कीमतों में भी देश भर में 2 रुपये प्रति किलो की बढ़ोतरी दर्ज की गई है। इस बढ़ोतरी के बाद अब दिल्ली-एनसीआर में सीएनजी का नया रेट 79.09 रुपये प्रति किलो हो गया है, जबकि आर्थिक राजधानी मुंबई में यह दर 84 रुपये प्रति किलो तक जा पहुंची है। इससे ऑटो, टैक्सी और निजी वाहन चालकों की जेब पर सीधा असर पड़ा है। इससे ठीक पहले बुधवार को अमूल और मदर डेयरी जैसे प्रमुख ब्रांड्स ने दूध की कीमतों में 2 रुपये प्रति लीटर तक की वृद्धि की थी, जिसका असर अब चाय, दही, पनीर और घी जैसे सभी डेयरी उत्पादों पर पड़ना तय माना जा रहा है।

ईरान-इजरायल युद्ध और ‘स्ट्रेट ऑफ हॉर्मुज’ संकट है मुख्य वजह

कीमतों में इस अचानक आए उछाल का मुख्य कारण पश्चिम एशिया में जारी ईरान-इजरायल तनाव और ‘स्ट्रेट ऑफ हॉर्मुज’ (Strait of Hormuz) में सप्लाई चेन का बुरी तरह बाधित होना है। इस प्रमुख समुद्री मार्ग के प्रभावित होने से कच्चे तेल (Crude Oil) की वैश्विक आपूर्ति पर भारी दबाव बढ़ा है, जिससे भारतीय तेल कंपनियां घाटे में चल रही थीं। वैश्विक संकट की गंभीरता को देखते हुए प्रधानमंत्री ने भी हाल ही में नागरिकों से ईंधन बचाने की विशेष अपील की थी और खुद के काफिले में गाड़ियां कम करके एक प्रतीकात्मक संदेश दिया था।

आने वाले दिनों में और बढ़ सकती है आफत, माल ढुलाई होगी महंगी

आर्थिक विशेषज्ञों का मानना है कि यदि पश्चिम एशिया का यह गंभीर संकट जल्द नहीं टला, तो आने वाले दिनों में पेट्रोल-डीजल की कीमतों में और भी बड़ा इजाफा देखने को मिल सकता है। डीजल महंगा होने का सीधा और सबसे खतरनाक असर माल ढुलाई (Freight Charges) पर पड़ेगा। इसके कारण आने वाले दिनों में फल, सब्जियां, अनाज और अन्य रोजमर्रा के जरूरी सामान की कीमतें बढ़ना पूरी तरह निश्चित है। अब आम जनता के मन में सबसे बड़ा सवाल यह उठ रहा है कि क्या आने वाले दिनों में रसोई गैस (LPG Cylinder) के दाम भी बढ़ेंगे? फिलहाल वैश्विक हालातों को देखते हुए राहत की कोई उम्मीद नजर नहीं आ रही है।

जानिए आपके शहर में क्या हैं नए दाम (पेट्रोल-डीजल न्यू रेट्स):

  • नियमित पेट्रोल: 3.14 रुपये की भारी बढ़त के साथ अब 97.91 रुपये प्रति लीटर तक पहुंच गया है।

  • नियमित डीजल: 3.11 रुपये की बढ़ोतरी के साथ अब 90.78 रुपये प्रति लीटर के स्तर पर आ गया है।

  •  प्रीमियम पेट्रोल: इसकी कीमतें अब वेरिएंट के हिसाब से 105.14 रुपये से लेकर 107.14 रुपये प्रति लीटर के बीच पहुंच गई हैं।

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