
उत्तर प्रदेश के देवरिया जिले में बेखौफ बदमाशों ने खूनी वारदात को अंजाम देते हुए दो युवकों की चाकू से गोदकर नृशंस हत्या कर दी। दोनों युवकों के लहूलुहान शव मईल थाना क्षेत्र के अंतर्गत राम जानकी मार्ग पर सड़क किनारे पड़े मिले। इस दोहरे हत्याकांड की खबर फैलते ही समूचे इलाके में सनसनी फैल गई और भारी संख्या में ग्रामीण मौके पर जुट गए। सूचना मिलते ही पुलिस के आलाधिकारी भारी फोर्स के साथ पहुंचे और शवों को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया।
सड़क किनारे खून से लथपथ मिले दोनों शव
घटना मईल थाना क्षेत्र के बढ़या हरदो गांव के समीप राम जानकी मार्ग की है। डायल 112 के माध्यम से पुलिस को सूचना मिली कि सड़क किनारे दो युवक गंभीर रूप से घायल अवस्था में पड़े हैं। सूचना पर पीआरवी और स्थानीय पुलिस जब मौके पर पहुंची, तो दोनों युवक खून से लथपथ जमीन पर अचेत पड़े थे। आनन-फानन में जांच की गई तो दोनों की सांसें थम चुकी थीं। एक साथ दो शव मिलने से क्षेत्र में हड़कंप मच गया और घटनास्थल पर लोगों की भारी भीड़ जमा हो गई।
वकील यादव और विनय यादव के रूप में हुई शिनाख्त
पुलिस ने जब शवों की पहचान कराने का प्रयास किया, तो मृतकों की शिनाख्त मईल थाना क्षेत्र के निवासी वकील यादव और विनय यादव के रूप में हुई। दोनों युवकों के शरीर पर धारदार हथियार और चाकू से किए गए गहरे वार के निशान पाए गए हैं। पुलिस ने तत्काल दोनों शवों का पंचनामा भरकर उन्हें पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद मौत के सटीक समय और वार की गंभीरता की स्पष्ट तस्वीर सामने आएगी।
कहीं और हत्या कर शव फेंके जाने का भी अंदेशा
पुलिस इस गुत्थी को सुलझाने में जुटी है कि आखिर दोनों युवक इतनी देर रात घटनास्थल तक कैसे पहुंचे। क्या वारदात को उसी जगह अंजाम दिया गया था, या फिर किसी अन्य स्थान पर हत्या करने के बाद साक्ष्य मिटाने के इरादे से शवों को राम जानकी मार्ग के किनारे फेंक दिया गया। वारदात के पीछे पुरानी रंजिश, आपसी विवाद या कोई अन्य गंभीर कारण है, इन सभी बिंदुओं पर गहनता से छानबीन की जा रही है।
खुलासे के लिए तीन पुलिस टीमें गठित, दर्ज हुआ मुकदमा
दोहरे हत्याकांड की संवेदनशीलता को देखते हुए पुलिस प्रशासन पूरी तरह मुस्तैद हो गया है। देवरिया के पुलिस अधीक्षक (एसपी) अभिजीत आर. शंकर ने बताया कि घटना मईल थाना क्षेत्र से जुड़ी है। परिजनों से प्राप्त तहरीर के आधार पर सुसंगत धाराओं में अभियोग पंजीकृत कर लिया गया है। वारदात के त्वरित खुलासे और आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए पुलिस की तीन विशेष टीमों का गठन किया गया है। सर्विलांस और फॉरेंसिक साक्ष्यों के आधार पर संदिग्धों की धरपकड़ के प्रयास तेज कर दिए गए हैं।
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