लखनऊ: अयोध्या के भव्य राम मंदिर में रामभक्तों द्वारा अर्पित किए गए चढ़ावे में हुई चोरी के मामले में आज का दिन बेहद अहम है। उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा गठित की गई विशेष जांच टीम (SIT) अपनी अंतिम रिपोर्ट आज शाम तक शासन को सौंप सकती है। जांच दल को मिली 15 दिन की अतिरिक्त समयसीमा आज पूरी हो रही है। अब यह देखना दिलचस्प होगा कि एसआईटी आज ही अपनी रिपोर्ट दाखिल करती है या जांच के कुछ पहलुओं को लेकर थोड़ा और समय मांगती है। सूत्रों की मानें तो इस रिपोर्ट में चोरी के मुख्य गुनहगारों की पहचान उजागर होने के साथ ही उनकी जवाबदेही भी तय कर दी जाएगी।
एडिशनल चीफ सेक्रेटरी को सौंपी जाएगी रिपोर्ट, होगा बड़ा खुलासा
इस बेहद संवेदनशील मामले की परतें खोलने में जुटी एसआईटी अपनी जांच पूरी कर चुकी है। सूत्रों के मुताबिक, रिपोर्ट के नतीजे औपचारिक रूप से उत्तर प्रदेश के अपर मुख्य सचिव (गृह) संजय प्रसाद को सौंपे जा सकते हैं। इस रिपोर्ट के सामने आने के बाद आस्था के केंद्र में सेंध लगाने वाले ‘पाप के भागीदारों’ के कई बड़े राज बेनकाब होंगे। रिपोर्ट मिलने के बाद सरकार के स्तर पर दोषियों के खिलाफ सख्त प्रशासनिक और कानूनी कार्रवाई का खाका तैयार किया जाएगा।
आरोपी लवकुश के घर चस्पा हुआ नोटिस, ढह सकता है आशियाना
राम मंदिर चढ़ावा चोरी के आरोपियों पर अब योगी सरकार के हंटर के साथ-साथ बुलडोजर कार्रवाई की तलवार भी लटक गई है। मामले के मुख्य आरोपियों में शामिल लवकुश की मुश्किलें सबसे ज्यादा बढ़ती दिख रही हैं। अयोध्या विकास प्राधिकरण (ADA) ने उसके एक निर्माणाधीन मकान पर अंतिम नोटिस चस्पा कर दिया है। एडीए के मुताबिक, आरोपी को पहले भी नोटिस जारी किए गए थे, लेकिन वह मकान से जुड़ा कोई भी वैध कागजात पेश नहीं कर सका। एडीए ने उसे पेश होने का यह आखिरी मौका दिया है, जिसके बाद अवैध निर्माण पर बुलडोजर चलना लगभग तय माना जा रहा है।
डोनेशन सिस्टम में बड़े बदलाव की तैयारी, यह हो सकती हैं SIT की सिफारिशें
चढ़ावा चोरी की इस वारदात के बाद राम मंदिर के डोनेशन मैनेजमेंट सिस्टम को पूरी तरह से अपग्रेड करने की तैयारी है। एसआईटी की रिपोर्ट में कई कड़े बदलावों की सिफारिश की जा सकती है:
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दान पेटी से बैंक तक की कड़क निगरानी: दान पेटी से लेकर बैंक खाते में रकम जमा होने तक की पूरी चेन को और पारदर्शी बनाया जाएगा।
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डिजिटल और सीसीटीवी साक्ष्यों का मिलान: कैश कलेक्शन, गिनती और बैंकिंग के दौरान के सीसीटीवी फुटेज और डिजिटल रिकॉर्ड्स की गहनता से पड़ताल की गई है।
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अधिकारियों की भूमिका पर जांच: मंदिर परिसर में तैनात सुपरवाइजरों और सुरक्षा अधिकारियों की भूमिका को भी जांच के दायरे में रखा गया है।
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नया एसओपी (SOP) होगा लागू: भविष्य में ऐसी चूक न हो, इसके लिए एक्सेस कंट्रोल, सर्विलांस, ऑडिट और निगरानी व्यवस्था को लेकर नए कड़े सुरक्षा मानक तय किए जा सकते हैं।
दिल्ली में सीएम योगी और अमित शाह की 40 मिनट की अहम बैठक
एसआईटी की रिपोर्ट आने से ठीक पहले सियासी गलियारों में भी हलचल तेज हो गई है। मंगलवार को उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने दिल्ली में केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह से मुलाकात की। करीब 40 मिनट तक चली इस बैठक को बेहद महत्वपूर्ण माना जा रहा है। ‘चंदा चोरी’ का मामला सामने आने के बाद दोनों बड़े नेताओं की यह पहली मुलाकात थी। चर्चा है कि राम मंदिर ट्रस्ट में होने वाले बड़े प्रशासनिक बदलावों और नए सीईओ (CEO) पद की नियुक्ति प्रक्रिया को लेकर भी इस बैठक में गंभीर मंथन हुआ है।
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