Wednesday , 19 August 2026

दक्षिण और पूर्व का रण: तमिलनाडु, केरल, असम और पुडुचेरी में महामुकाबला, काउंटिंग शुरू होते ही रुझानों में उलटफेर

नई दिल्ली: देश के चार राज्यों और एक केंद्र शासित प्रदेश में आज ‘फैसले की घड़ी’ आ गई है। असम, तमिलनाडु, केरल और पुडुचेरी विधानसभा चुनावों के लिए वोटों की गिनती सुबह 8 बजे से शुरू हो चुकी है। सबसे पहले डाक मतपत्रों (पोस्टल बैलट) को गिना जा रहा है, जिसके बाद 8:30 बजे से ईवीएम के आंकड़े सामने आने लगेंगे। शुरुआती रुझान संकेत दे रहे हैं कि कहीं सत्ता की वापसी हो रही है, तो कहीं जनता ने बदलाव की लहर का साथ दिया है।

केरल में एलडीएफ की लंबी छलांग, तमिलनाडु में डीएमके ने बनाई बढ़त

केरल से मिल रहे ताजा रुझानों ने सबको चौंका दिया है। यहां सत्ताधारी एलडीएफ (LDF) ने शुरुआती गिनती में ही 61 सीटों पर बढ़त बनाकर विपक्षियों को पीछे छोड़ दिया है। वहीं, तमिलनाडु में ‘द्रविड़ राजनीति’ का नया अध्याय लिखा जाता दिख रहा है, जहां एमके स्टालिन की अगुवाई वाली डीएमके (DMK) 38 सीटों पर आगे चल रही है। तमिलनाडु में इस बार अभिनेता विजय की नई पार्टी ‘टीवीके’ (TVK) पर भी सबकी नजरें हैं, जो त्रिकोणीय मुकाबले को और दिलचस्प बना रही है।

असम में हिमंता का जादू बरकरार? पुडुचेरी में भाजपा गठबंधन मजबूत

पूर्वोत्तर के द्वार असम में भाजपा एक बार फिर मजबूती से उभरती दिख रही है। ताजा आंकड़ों के मुताबिक, असम की 126 सीटों में से भाजपा 20 सीटों पर बढ़त बनाए हुए है, जबकि कांग्रेस गठबंधन 6 सीटों पर आगे है। एग्जिट पोल्स में पहले ही हिमंता बिस्वा सरमा सरकार की वापसी की भविष्यवाणी की गई थी। दूसरी ओर, केंद्र शासित प्रदेश पुडुचेरी में भाजपा गठबंधन 8 सीटों पर आगे है, जो एनडीए की सत्ता में वापसी की राह आसान कर रहा है।

काउंटिंग सेंटर पर सुरक्षा के कड़े पहरे, दिल्ली में जश्न की तैयारी

चेन्नई के क्वीन मैरी कॉलेज से लेकर केरल के 140 काउंटिंग सेंटर्स तक, हर जगह सुरक्षा के चाक-चौबंद इंतजाम हैं। असम में 722 उम्मीदवारों की किस्मत का फैसला 40 सेंटरों पर हो रहा है। दिलचस्प बात यह है कि नतीजों के पूरी तरह आने से पहले ही दिल्ली स्थित भाजपा मुख्यालय में हलचल तेज हो गई है। कार्यकर्ताओं ने जीत की उम्मीद में पूरी और मिठाइयां बनाना शुरू कर दिया है, जिससे चुनावी माहौल में उत्साह का संचार हो रहा है।

क्या कहते हैं एग्जिट पोल्स और जमीनी हकीकत?

एग्जिट पोल्स ने जहां असम में भाजपा और तमिलनाडु में डीएमके की जीत का अनुमान लगाया था, वहीं केरल में कांग्रेस समर्थित यूडीएफ (UDF) को बढ़त दिखाई थी। लेकिन शुरुआती रुझानों में केरल का एलडीएफ इन अनुमानों को गलत साबित करता दिख रहा है। अगले कुछ घंटों में जैसे-जैसे ईवीएम के राउंड बढ़ेंगे, यह साफ हो जाएगा कि जनता ने किन वादों पर भरोसा किया और किन दिग्गजों को सत्ता से बेदखल किया है।

Check Also

अयोध्या राम मंदिर चढ़ावा चोरी केस: पहली SIT की फाइनल रिपोर्ट में चंपत राय और अनिल मिश्रा को क्लीन चिट, सिर्फ 8 गिरफ्तार आरोपी ही नामजद

अयोध्या के श्रीराम जन्मभूमि मंदिर में चढ़ावे की रकम में अनियमितता और चोरी के मामले …