Saturday , 12 September 2026

नोएडा में मजदूरों का प्रदर्शन या पाकिस्तान की साजिश? अब तक 300 गिरफ्तार….सीसीटीवी से हो रही पहचान

नोएडा/लखनऊ। नोएडा में पिछले दो दिनों से जारी मजदूरों के उग्र प्रदर्शन और हिंसा को उत्तर प्रदेश सरकार ने बेहद गंभीरता से लिया है। प्रदेश के श्रम मंत्री अनिल राजभर ने सोमवार रात एक सनसनीखेज बयान देते हुए इस पूरी घटना को ‘सुनियोजित षड्यंत्र’ करार दिया है। उन्होंने अंदेशा जताया है कि इस हिंसा के तार सीमा पार पाकिस्तान से जुड़े हो सकते हैं। मंत्री के इस बयान के बाद जांच एजेंसियों ने अपनी तफ्तीश का दायरा बढ़ा दिया है।

आतंकवाद और ‘पाकिस्तानी हैंडलर्स’ की जांच के घेरे में हिंसा

श्रम मंत्री अनिल राजभर ने बताया कि हाल ही में नोएडा और मेरठ से चार संदिग्ध आतंकियों की गिरफ्तारी हुई थी, जिनके संबंध पाकिस्तान स्थित संचालकों से पाए गए थे। मंत्री ने कहा, “ऐसा प्रतीत होता है कि यह घटना राज्य के विकास और कानून व्यवस्था को पटरी से उतारने के लिए रची गई एक साजिश है। हालिया गिरफ्तारियों को देखते हुए ‘पाकिस्तान कनेक्शन’ और देश विरोधी ताकतों की भूमिका से इनकार नहीं किया जा सकता।” उन्होंने यह भी संकेत दिया कि यह अशांति मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के मुजफ्फरनगर कार्यक्रम में बाधा डालने का एक प्रयास भी हो सकती है।

300 उपद्रवी गिरफ्तार, सीसीटीवी से हो रही पहचान

नोएडा के फेज-2, सेक्टर 60, 62 और 84 में हुई आगजनी, पथराव और तोड़फोड़ के मामले में पुलिस ने अब तक 300 से अधिक लोगों को गिरफ्तार किया है। इसके अलावा 100 से ज्यादा संदिग्धों को हिरासत में लेकर पूछताछ की जा रही है। पुलिस और प्रशासन फैक्ट्रियों के सीसीटीवी फुटेज खंगाल रहे हैं ताकि उन असामाजिक तत्वों की पहचान की जा सके जिन्होंने शांतिपूर्ण प्रदर्शन को हिंसा में तब्दील कर दिया।

मजदूरों की 5 में से 4 मांगें मंजूर: पुलिस

गौतम बुद्ध नगर पुलिस कमिश्नरेट के मुताबिक, स्थिति अब पूरी तरह नियंत्रण में है। पुलिस ने स्पष्ट किया कि मजदूरों ने जो पांच मांगें रखी थीं, उनमें से चार को स्वीकार कर लिया गया है। शेष मांगों के लिए एक उच्चस्तरीय समिति का गठन किया गया है। पुलिस का कहना है कि जब वास्तविक मजदूर शांत होकर लौट गए, तब पड़ोसी जिलों से आए कुछ बाहरी समूहों ने तनाव भड़काने और हिंसा फैलाने की कोशिश की।

“अराजकता समाधान नहीं, सरकार सुनने को तैयार”: राजभर

अनिल राजभर ने प्रदेश के श्रमिकों से शांति बनाए रखने की पुरजोर अपील की है। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के निर्देश पर वरिष्ठ अधिकारी खुद नोएडा में मौजूद हैं और मजदूरों से सीधा संवाद कर रहे हैं। राजभर ने चेतावनी दी कि मजदूरों को किसी भी भ्रामक सूचना या बाहरी उकसावे का शिकार नहीं होना चाहिए। उन्होंने दोहराया कि सरकार ‘श्रमेव जयते’ के सिद्धांत पर काम कर रही है और हिंसा किसी भी समस्या का हल नहीं है।

Check Also

2026 Maruti Suzuki Baleno Facelift: नई कीमतों का हुआ ऐलान, ₹5.99 लाख की शुरुआती कीमत में मिलेंगे ADAS और धांसू माइलेज जैसे फीचर्स

मारुति सुजुकी ने अपनी लोकप्रिय प्रीमियम हैचबैक 2026 बलेनो फेसलिफ्ट की कीमतों को लेकर स्थिति …