
गुरुग्राम। साइबर सिटी के गोल्फ कोर्स रोड पर महिला बाइकर को कार से टक्कर मारने के सनसनीखेज मामले में मंगलवार को नया मोड़ आ गया। पीड़िता शिवानी चौहान उर्फ सिया ने जिला अदालत में मजिस्ट्रेट के समक्ष अपने 164 के तहत बयान दर्ज कराए। पीड़िता ने कोर्ट में दो टूक कहा कि अगर उन्होंने उस दिन सेफ्टी राइडिंग किट न पहनी होती, तो शायद वह आज जिंदा नहीं बच पातीं। इस बीच पुलिस ने मुख्य आरोपी कार चालक कल्याण बैंसला और उसके चचेरे भाई लवनीश को राजस्थान के दौसा (राजगढ़) से दबोच लिया है। पुलिस ने मामले की गंभीरता और वायरल वीडियो फुटेज के आधार पर एफआईआर में भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 109 (हत्या के प्रयास) को भी जोड़ दिया है।
कमेंट पास किया, फिर डराने के लिए करीब लाए कार पेशे से प्रॉपर्टी डीलर शिवानी उर्फ सिया ने बताया कि रविवार को वह अपने बाइकर दोस्तों के साथ एक कैफे जा रही थीं। इसी दौरान रास्ते में कार सवार युवकों ने शीशा नीचे कर उन पर फब्तियां कसीं। जब सिया ने उन्हें पूरी तरह नजरअंदाज किया, तो आरोपी कार से उनका पीछा करने लगे। आरोपी चालक बार-बार अपनी तेज रफ्तार कार को बाइक के बेहद नजदीक लाकर डराने की कोशिश कर रहा था। इसके बाद सेक्टर-56 मेट्रो स्टेशन पार करते ही आरोपी ने जानबूझकर तेज रफ्तार से उनकी बाइक में जोरदार टक्कर मार दी और मौके से फरार हो गया। जब सिया के दोस्त ने कार को रोकने का प्रयास किया, तो आरोपी गाली-गलौज करते हुए गाड़ी भगा ले गए।

‘अगर हम परेशान कर रहे थे, तो पीछा क्यों किया?’ सोशल मीडिया पर वीडियो वायरल होने के बाद कुछ यूजर्स द्वारा बाइकर्स पर लगाए जा रहे आरोपों पर सिया ने कड़ा पलटवार किया। उन्होंने कहा कि कुछ लोग मनगढ़ंत आरोप लगा रहे हैं कि बाइक की स्पीड जानबूझकर कम-ज्यादा की जा रही थी। पीड़िता ने तीखा सवाल किया कि अगर किसी को लग रहा था कि बाइक की रफ्तार से परेशानी हो रही है, तो वे इतनी दूर तक पीछा क्यों कर रहे थे? वीडियो में साफ दिख रहा है कि कार ने अचानक लेन बदलकर बाइक को टक्कर मारी, जिससे वह कई मीटर तक सड़क पर घिसटती चली गईं। सिया ने पूछा कि अगर यह हादसा था, तो चालक ने गाड़ी रोककर घायल की सुध क्यों नहीं ली?
राइडिंग गियर के बावजूद सिया के शरीर पर गंभीर चोटें पीड़िता के भाई दीपांकर चौहान ने आरोपी के उस दावे को सिरे से खारिज किया कि यह महज एक गलती थी। दीपांकर ने कहा कि टक्कर इतनी भीषण थी कि फुल राइडिंग गियर पहनने के बावजूद सिया के घुटने में गंभीर सूजन आ गई है। उनकी गर्दन और पीठ की मांसपेशियों में गहरा खिंचाव है, जबकि हाथ और हथेलियां बुरी तरह छिल गई हैं। भाई ने कहा कि खुद को कानून के शिकंजे से बचाने के लिए आरोपी इसे सामान्य घटना बताने का ड्रामा कर रहा है।
पिता बोले- टक्कर मारने की थी सोची-समझी साजिश सिया के पिता रोशन चौहान ने आक्रोश जताते हुए कहा कि उनकी बेटी सामाजिक और राजनीतिक रूप से सक्रिय है और उनके रियल एस्टेट कारोबार में हाथ बंटाती है। तनाव कम करने के लिए वह महीने में एकाध बार राइड पर जाती थी। पिता ने आरोप लगाया कि सिया द्वारा कई बार दूरी बनाए रखने का इशारा करने के बावजूद कार नहीं हटाई गई, जिससे साफ है कि इरादा सीधे तौर पर जान से मारने का ही था। उन्होंने मांग की कि कार में बैठे अन्य लोगों और गाड़ी के असली मालिक पर भी सख्त कार्रवाई हो, ताकि महिलाओं के प्रति अपराध करने वालों को कड़ा सबक मिले।
महिला आयोग ने मांगी रिपोर्ट, जिम संचालक है मुख्य आरोपी मामले के तूल पकड़ते ही हरियाणा राज्य महिला आयोग ने कड़ा संज्ञान लेते हुए गुरुग्राम पुलिस कमिश्नर से मामले की विस्तृत एक्शन टेकन रिपोर्ट (ATR) तलब की है। आयोग ने पीड़िता की पहचान गोपनीय रखने के भी निर्देश दिए हैं। वहीं पुलिस जांच में सामने आया है कि राजस्थान से गिरफ्तार 33 वर्षीय आरोपी कल्याण बैंसला दो बच्चों का पिता है और जिम का संचालन करता है। इस वारदात के बाद से गुरुग्राम की हाई-प्रोफाइल सड़कों पर महिलाओं की सुरक्षा व्यवस्था को लेकर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं।
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