Thursday , 7 May 2026

विधायक अनंत सिंह को झटका, एमपी-एमएलए कोर्ट ने खारिज की जमानत याचिका, जानिए किस मामले में जेल में हैं बंद

विधानसभा चुनाव में दुलारचंद यादव की हत्या मामले में जेल में हैं बंद

पटना । बिहार विधानसभा चुनाव 2025 में मोकामा में हुई हिंसक घटना ने पूरे राज्य में राजनीतिक माहौल गरमा दिया था। बीते अक्टूबर के अंतिम सप्ताह में चुनाव प्रचार के दौरान दो गुटों के बीच विवाद हुआ जो देखते ही देखते मारपीट और फायरिंग में बदल गया। इस घटना में 75 साल के दुलारचंद यादव को गोली लगी और बाद में उनकी मौत हो गई। इस मामले में अनंत सिंह पर मुख्य आरोप लगे, जिसके बाद उन्हें गिरफ्तार कर बेऊर जेल भेज दिया गया। इस मामले में विशेष एमपी-एमएलए कोर्ट ने अनंत सिंह की जमानत याचिका खारिज कर दी है। कोर्ट के ताजा आदेश के बाद अनंत सिंह की कानूनी मुश्किलें और बढ़ गई हैं।

यह मामला बिहार विधानसभा चुनाव 2025 के दौरान का है। 29-30 अक्टूबर को मोकामा में चुनाव प्रचार चल रहा था। जन सुराज पार्टी के उम्मीदवार पीयूष प्रियदर्शी के समर्थन में दुलारचंद यादव प्रचार कर रहे थे। दुलारचंद खुद मोकामा क्षेत्र के पुराने दबंग नेता थे जो कभी लालू प्रसाद यादव और नीतीश कुमार जैसे बड़े नेताओं से जुड़े थे। कहा जाता है कि इसी दौरान अनंत सिंह के काफिले और विरोधी पक्ष के समर्थकों के बीच टकराव हुआ। गाली-गलौज से शुरू हुई बात मारपीट और फायरिंग तक पहुंच गई। दुलारचंद को पैर में गोली लगी।

परिजनों का आरोप है कि गोली मारने के बाद अनंत सिंह के समर्थकों ने गाड़ी चढ़ाकर उनकी हत्या कर दी। पुलिस के मुताबिक मौत भारी चीज के गुजरने से हुई, लेकिन गोली का भी जिक्र है। इस घटना में अनंत सिंह पर मुख्य आरोप लगा। घटना के कुछ दिन बाद 2 नवंबर को पटना पुलिस ने अनंत सिंह को उनके दो साथियों के साथ गिरफ्तार किया। तब से वह पटना की बेऊर जेल में बंद हैं। इस मामले में 80 से ज्यादा लोगों को पकड़ा गया है। जांच पटना पुलिस और सीआईडी कर रही है।
दिलचस्प बात यह है कि जेल में बंद रहते हुए ही अनंत सिंह ने मोकामा सीट से चुनाव लड़ा और जीत हासिल की। उन्होंने अपनी निकटतम प्रतिद्वंद्वी वीणा देवी को 28 हजार से ज्यादा वोटों से हराया और छठी बार विधायक बनने का रिकॉर्ड बनाया। फिलहाल अनंत सिंह जेल में ही रहेंगे। यह उनके लिए बड़ा झटका है, क्योंकि विधायक बनने के बाद भी वे शपथ ग्रहण या सदन की कार्यवाही में शामिल नहीं हो पा रहे हैं। यह मामला उनकी मुश्किलें बढ़ा रहा है। जांच पूरी होने और चार्जशीट दाखिल होने के बाद ही आगे की तस्वीर साफ होगी।

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