
Venezuela Crisis Impact on Gold-Silver Price: साल 2026 की शुरुआत दुनिया के लिए एक बड़ा जियोपॉलिटिकल बम फोड़ कर हुई है. वेनेजुएला में बढ़ते अमेरिकी हस्तक्षेप और राष्ट्रपति निकोलस मादुरो की हिरासत ने ग्लोबल मार्केट में खलबली मचा दी है. इस संकट का सीधा असर अब आपकी जेब और निवेश पर पड़ने वाला है.
भारत में सोना एमसीएक्स पर 1,37,098 रुपये प्रति 10 ग्राम मिल रहा है, वहीं चांदी 2,44,999 रुपये प्रति किलो मिल रही है.
सोने-चांदी में आएगी तूफानी तेजी?
बाजार विशेषज्ञों का मानना है कि जब-जब दुनिया में अनिश्चितता का माहौल बनता है, निवेशक अपना पैसा सुरक्षित जगहों पर शिफ्ट करते हैं. वेनेजुएला संकट की वजह से निवेशकों का भरोसा डगमगाया है, जिससे सोने (Gold) और चांदी (Silver) की मांग में जबरदस्त उछाल आने की उम्मीद है. जानकारों की मानें तो इस तनाव के चलते सोना और चांदी अपने पुराने सभी रिकॉर्ड तोड़कर नई ऊंचाइयों को छू सकते हैं. अगर स्थिति जल्द नहीं संभली, तो कीमती धातुओं की कीमतों में शॉक वेव देखने को मिल सकती है.
- द्वितीय विश्व युद्ध
युद्ध खत्म होने के बाद वैश्विक अस्थिरता के बीच सोने के दामों में जबरदस्त उछाल देखा गया था.
- 2003 इराक युद्ध
इस दौरान सोने की कीमतों ने निवेशकों को चौंकाते हुए करीब 40-50 फीसदी तक का बंपर रिटर्न दिया था.
- 2022 रूस-यूक्रेन जंग
युद्ध शुरू होते ही सोने-चांदी की कीमतें सातवें आसमान पर पहुंच गई थीं. हालांकि, बाद में शांति वार्ता की खबरों के बीच थोड़ा उतार-चढ़ाव जरूर दिखा.
एक्सपर्ट बताते हैं कि, जब दुनिया में अनिश्चितता का माहौल होता है, तो निवेशक पेपर करेंसी या स्टॉक के बजाय सोना, चांदी और प्रॉपर्टी पर दांव लगाना पसंद करते हैं. यही वजह है कि संकट काल में इनकी मांग और कीमत दोनों बढ़ जाती हैं.
निवेशकों के लिए क्या है सलाह?
मार्केट एक्सपर्ट्स के मुताबिक, मौजूदा हालात वेट एंड वॉच वाले हैं. शेयर बाजार में उतार-चढ़ाव दिख सकता है, इसलिए सुरक्षित निवेश के तौर पर बुलियन मार्केट में लंबे समय की अवधि के लिए निवेश किया जा सकता है.
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