यूपी इलेक्शन 2022 : वाराणसी में 400 बूथ बढ़े, मतदाताओं का बूथ हो सकता है परिवर्तित

– बूथ नंबर, भवन व उस बूथ पर अपना वोटर क्रमांक जाने

वाराणसी । जिले में लोकसभा चुनाव 2019 के बाद 400 से अधिक बूथ बढ़े हैं। इससे बहुत मतदाताओं के बूथ भी परिवर्तित हुए हैं। ये बूथ लोकसभा के पिछले बूथ से अलग हो सकते हैं, कुछ पुराने ही भवन के नए कमरे में या कुछ नए ही भवन में हो सकते हैं। शनिवार शाम यह जानकारी जिलाधिकारी कौशलराज शर्मा ने दी। उन्होंने बताया कि विधानसभा चुनाव में मतदान के दिन सात मार्च को सभी मतदाता अपना बूथ नंबर, भवन व उस बूथ पर अपना वोटर क्रमांक जाने। इसके लिए निर्वाचन आयोग ने विभिन्न विकल्प दिए गए हैं। जिससे अपने मोबाइल पर ही ये कार्य कर सकते हैं। उन्होंने बताया कि एनवीएसपी डॉट इन नामक पोर्टल पर जा कर अपने एपिक नंबर डाल कर अपने बूथ का नंबर और स्थान जान सकते है। इसके अलावा वोटर हेल्पलाइन ऐप द्वारा भी यह जानकारी ली जा सकती है। यह ऐप प्ले स्टोर से डाउन लोड की जा सकती है। उन्होंने बताया कि साथ ही मतदाता 1950 टोल फ्री नंबर पर ECICONTACT विधान सभा अथवा एपिक पर लिखा नम्बर सीधे भर कर यह सूचना प्राप्त की जा सकती है।

जिलाधिकारी ने बताया कि सभी मतदाताओं को बीएलओ के द्वारा जो मतदाता पर्ची घर-घर जा कर पिछले 10 दिन में बांटी गई है। उस पर लिखा बूथ और वोटर क्रमांक इस विधान सभा निर्वाचन के लिए सही है। उसमें देखने के बाद और किसी माध्यम से जानकारी लेने की आवश्यकता नहीं है। उन्होंने बताया कि एपिक कार्ड पर जो बूथ नंबर और बूथ का नाम लिखा है वह पुराना है और जरूरी नहीं है कि इस विधानसभा निर्वाचन के लिए सही हो। इसलिए उस पर लिखे बूथ को दोबारा ऊपर लिखे विकल्पों से चेक कर लें। अगर उसमें भिन्नता है तो विकल्पों से जो बूथ का नाम मिला है वही सही है, उसी बूथ पर जाएं।

-अपना बूथ और क्रमांक अपने साथ लेकर ही बूथ पर जाएं

जिलाधिकारी ने जनपद के सभी मतदाताओं से अपील किया कि अपना बूथ और क्रमांक अपने साथ लेकर ही बूथ पर जाएं। किसी अन्य बूथ पर पहुचेंगे तो वहां की वोटर लिस्ट में ढूंढने पर नाम नहीं होगा, और उससे फिर अफवाह फैलती है कि वोटर लिस्ट से नाम कट गया। जबकि वास्तव में मुख्य कारण सही बूथ पर ना पहुंचना होता है। उन्होंने स्पष्ट किया कि वोटर लिस्ट में किसी का नाम नहीं है तो वह व्यक्ति वोट नहीं डाल सकता।