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भूमि विवाद को लेकर पथराव, थानाध्यक्ष सहित तीन पुलिसकर्मी घायल, लगेगा एनएसए; यह था मामला

-लाठी भांजकर खदेड़ने का प्रयास करने पर बढ़ा विवाद

-संतनगर क्षेत्र के मुस्किरा जंगल का मामला

मीरजापुर, (हि.स.)। संतनगर थाना क्षेत्र अंतर्गत मुस्किरा गांव में विवादित भूमि पर कब्जा करने का प्रयास कर रहे एक पक्ष के लल्लन शर्मा निवासी संतनगर को रोकने गई पुलिस और कब्जेदार के बीच विवाद हो गया। भीड़ हटाने के लिए पुलिस ने लाठी भांजी तो ग्रामीण उग्र हो गए और पथराव करने लगे। इसमें थानाध्यक्ष संतनगर सहित तीन पुलिसकर्मी घायल हो गए। घायल थानाध्यक्ष अरविंद कुमार सरोज, आरक्षी शिव प्रताप यादव व 112 नंबर के सिपाही धमेंद्र कुमार को उपचार के लिए पीएचसी पटेहरा ले जाया गया। मामले की जानकारी होने पर पुलिस अधीक्षक संतोष कुमार मिश्र, अपर पुलिस अधीक्षक नगर श्रीकांत प्रजापति, सीओ लालगंज मंजरी राव छह थाने की फोर्स व पीएसी के साथ घटनास्थल पर पहुंच गए। पुलिस अधीक्षक ने घायल पुलिसकर्मियों का हाल जानने के बाद तत्काल आरोपितों के विरुद्ध मुकदमा दर्ज कर कार्रवाई का निर्देश दिया। हालांकि मौके से सात महिलाओं व एक पुरुष को हिरासत में ले लिया गया है।

पुलिस के अनुसार चील्ह थाना क्षेत्र के हरसिंहपुर गांव निवासी एवं सीआरपीएफ से सेवानिवृत वीरेंद्र प्रताप सिंह ने संतनगर के मुस्किरा गांव में 14 बीघा जमीन खरीदी है। इसमें दस बीघा जमीन सुरेंद्र कुमार निवासी मीरजापुर व चार बीघा लल्लन शर्मा निवासी संतनगर की है। जमीन खरीदने के बाद वीेरेंद्र ने चारों ओर बाउंड्री करा दी। इसकी जानकारी होने पर लल्लन शर्मा ने वीरेंद्र से कहा कि जिस भूमि पर उन्होंने बाउंड्री कराई है, उसमें उसकी पांच बीघे भूमि और है। उस पर से कब्जा हटा लें, लेकिन वीरेंद्र ने कहा कि उसमें उसकी अब कोई भूमि नहीं है। उसने जो लिखाई है वही भूमि है। इसी बात को लेकर दोनों पक्ष के बीच विवाद होता आ रहा है। आरोप है कि गत सोमवार को जब लल्लन भूमि पर कब्जा लेने गया तो वीरेंद्र प्रताप सिंह ने वहां पहुंचकर फायरिंग शुरू कर दी, जिससे लल्लन वापस चला अाया। दो दिन बाद बुधवार को एक बार फिर लल्लन ग्रामीणों के साथ ट्रैक्टर लेकर विवादित जमीन की जोताई करने पहुंचा तो इसकी भनक वीरेंद्र प्रताप को लग गई और उन्होंने 112 नंबर पुलिस व संतनगर थानेदार अरविंद सरोज को फोन कर शिकायत दर्ज कराई। जानकारी होते ही 112 नंबर पुलिस व थानाध्यक्ष अरविंद सरोज फोर्स के साथ मौके पर पहुंचे। लल्लन को भूमि की जाेताई करने से मना किया तो वह नहीं माना। ट्रैक्टर रोकने पर पुलिस व लल्लन के बीच विवाद हो गया। नोकझोंक होने लगी। भीड़ बढ़ते देख पुलिस ने लाठी भांजकर उनको खदेड़ना चाहा तो ग्रामीण आक्रोशित हो गए और पुलिस पर पथराव करने लगे। इससे अफरा-तफरी मच गई। पथराव में थानाध्यक्ष सहित तीन पुलिसकर्मी घायल हो गए।

एसडीएम व तहसीलदार ने कराया अभिलेखीय मिलान, नहीं निकला कोई हल

भूमि विवाद को लेकर मड़िहान तहसील से तहसीलदार संजीव कुमार यादव व उप जिलाधिकारी युगांतर त्रिपाठी भी राजस्व टीम के साथ मौके पर पहुंचकर निरीक्षण किया और अभिलेखीय मिलान कर विवाद की वजह निकालने का प्रयास किया। चूंकि रजिस्ट्री का दाखिल खारिज न होने से मामले का हल नहीं निकल सका।

चार दिन पूर्व दोनों पक्ष के विरुद्ध हुई थी शांतिभंग की कार्रवाई

गत शनिवार को थाना दिवस पर वीरेंद्र प्रताप सिंह व लल्लन दोनों ने एक-दूसरे की भूमि कब्जा करने की शिकायत की थी। दोनों के बीच नोकझोंक होने पर पुलिस ने इनके विरुद्ध शांतिभंग की कार्रवाई की थी।

छह थाने की फोर्स व पीएसी ने संभाला मोर्चा

संतनगर के मुस्किरा गांव में भूमि कब्जे को लेकर पुलिस व ग्रामीणों के बीच विवाद के बाद जिले की अधिकांश थाने की फाेर्स संतनगर पहुंच गई। लालगंज, हलिया, ड्रमंडगंज, मड़िहान, राजगढ़, देहात कोतवाली, संतनगर थाने की पुलिस व पीएसी ने मोर्चा संभाला।

यह था मामला

मड़िहान तहसील क्षेत्र के मुस्किरा मौजा में आराजी नंबर तीन-फ रकबा 19-791 में लल्लन शर्मा व बंशी शर्मा पुत्र तुलसी के नाम 25 बीघे भूमि थी, जिसमें से लल्लन व बंशी ने कुछ दिन पहले 10 बीघा भूमि सुरेंद्र पटेल को बेचे थे। जिसकी चौहद्दी कही दूसरे स्थान की थी, किंतु सुरेंद्र ने अपनी भूमि फरवरी में रंजना पत्नी वीरेंद्र को बेच दिया, लेकिन चौहद्दी विवादित रकबे का दे दिया तथा चार बीघा भूमि लल्लन व बंशी ने मिलकर रंजना को लिख दिया था। इस प्रकार रंजना 14 बीघा जमीन एक जगह पर कब्जा कर रखी थी। इसी नंबर में लल्लन शर्मा व बंशी की पांच बीघा भूमि अवशेष थी, जिसे रंजना की घेरी गई तार-बल्ली के बाउंड्री में ही लल्लन शर्मा अपने ट्रैक्टर से जोतने लगा और विवाद होने लगा।

छह महिला व एक पुरुष को पकड़कर थाने ले आई पुलिस

पुलिस व ग्रामीणों के बीच विवाद के बाद पुलिस जंगल से छिपे छह महिलाओं व एक पुरुष को पकड़कर थाना संतनगर ले गई। अन्य आरोपितों की तलाश में पुलिस जुटी है। पुलिस अधीक्षक संतोष कुमार मिश्र ने बताया कि इस विवाद में किसी को बख्शा नहीं जाएगा। अब तक सात लोग पकड़े गए हैं, जिन पर अन्य धाराओं के साथ एनएसए भी लगेगा। इस प्रकार के कोई भी मामले में कोताही नहीं बरती जाएगी।

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